आज जो है फिर कल नहीं आयेगा - Silsila Zindagi Ka
  • Welcome To My Blog

    आज जो है फिर कल नहीं आयेगा

    आज जो है फिर कल नहीं आएगा
    इस पल को जियो ये पल नहीं आएगा।


    हर हाल में रोज़ तुम्हें चलना होगा
    वक़्त के अनुसार तुम्हें बदलना होगा।


    दर्द के मौसम में भी मुस्कुराना होगा
    तुम्हें दूर  और बहुत दूर जाना होगा।


    कुछ पाना है तो कुछ खोना पड़ेगा
    कभी हँसना तो कभी रोना  पड़ेगा ।


    ख़ुद से  रूठना और ख़ुद को मनाना होगा  

    ख़ुद को ही अपना हर  दर्द  सुनाना  होगा।


    बार-बार, हर बार और फिर बार-बार

    कोशिश करनी होगी तुम्हें हज़ार बार | 


    न चाहने से कुछ भी बदल नहीं जाएगा 

    इस पल को जीयो ये पल नहीं आएगा|


    No comments:

    Post a Comment